जिंदा है पति…पत्नी ले रही विधवा पेंशन, हस्बैंड बोला- हम जिंदा हैं साहब

Singrauli pension case, ajab gajab news, Singrauli News, mp news, unfiltered uttarakhand

सिंगरौली. मध्य प्रदेश के सिंगरौली जिले में एक अजब गजब मामला सामने आया है. यहां एक महिला पति के जिंदा होते हुए विधवा पेंशन ले रही है. इतना ही नहीं, कोर्ट के आदेश के बाद पति उसे 5000 रुपये हर महीने गुजारा भत्ता भी दे रहा है. जब पति को इसका पता चला, तो वह इंसाफ के लिए अफसरों के पास पहुंचा लेकिन सरकारी सिस्टम की हीलाहवाली का शिकार हो गया. जिसके बाद वह मजबूरन गले में तख्ती लटकाकर यह बताने के लिए मजबूर हो गया, ‘हम जिंदा हैं साहब.’ अब प्रशासन ने इस मामले में जांच के आदेश दिए हैं. पीड़ित पति को उम्मीद है कि अब उसे इंसाफ मिलेगा.

मिली जानकारी के अनुसार, मामला सिंगरौली जिले के बैढ़न के अंतर्गत आने वाले करसोसा गांव का है. पीड़ित पति का नाम चंद्रबली पटेल है. आरोपी महिला का नाम अंजोरिया पटेल है. वह पिछले 10 साल से विधवा पेंशन ले रही है. चंद्रबली ने बताया कि अंजोरिया से उसकी शादी 30 साल पहले हुई थी. पारिवारिक विवाद और चंद्रबली की दूसरी शादी के चलते दोनों अलग-अलग रहने लगे. अंजोरिया ने साल 2014 में दहेज का केस दर्ज कराया. इस मामले में चंद्रबली को जेल जाना पड़ा था.

पांच हजार रुपये प्रतिमाह गुजारा भत्ता
चंद्रबली ने आरोप लगाते हुए कहा कि अंजोरिया ने अपने मायके जीर ग्राम में फर्जी दस्तावेज लगाए और खुद को विधवा बता दिया. वह 2014 से लगातार विधवा पेंशन ले रही है. वहीं 2018 में कोर्ट ने चंद्रबली को आदेश दिया कि वह अंजोरिया को पांच हजार रुपये प्रतिमाह गुजारा भत्ता देगा. चंद्रबली तब से हर माह उसे पैसे दे रहा है. इसका मतलब है कि वह कागजों में सरकार के लिए मर चुका है लेकिन पत्नी को मिलने वाले गुजारा भत्ते के लिए वह जिंदा है.

थाने से लेकर कलेक्ट्रेट तक के चक्कर
चंद्रबली पटेल ने कहा कि वह हर जगह गुहार लगा चुका है. थाने से लेकर कलेक्ट्रेट तक के चक्कर काटे लेकिन कोई उसकी बात सुनने को तैयार नहीं है. यही वजह है कि अब वह गले में तख्ती लटकाकर यह बताते हुए घूम रहा है, ‘हम जिंदा हैं साहब.’ चंद्रबली की तस्वीर सोशल मीडिया पर वायरल हो गई. जिसके बाद प्रशासन हरकत में आया और जांच बैठा दी.

महिला के खिलाफ होगी FIR!
जिला पंचायत के सीईओ जगदीश कुमार गोमे ने कहा कि बैढ़न जनपद पंचायत के सीईओ से पूरी जांच रिपोर्ट मांगी गई है. यह पता लगाया जा रहा है कि किन अफसरों की मिलीभगत से बिना सत्यापन के विधवा पेंशन पास कर दी गई. दोषी पाए जाने पर संबंधित अफसरों और गलत जानकारी देने वाली महिला अंजोरिया पटेल के खिलाफ FIR दर्ज कराई जाएगी.

Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement
Advertisement