नैनीताल. उत्तराखंड के शांत पहाड़ों में उस समय हड़कंप मच गया जब नैनीताल जिला एवं सत्र न्यायालय को बम से उड़ाने की धमकी भरा ईमेल मिला. अज्ञात ईमेल आईडी से भेजे गए संदेश में दावा किया गया कि कोर्ट परिसर में 12 आरडीएक्स आधारित आईईडी लगाए गए हैं, जो दोपहर करीब 12:15 बजे विस्फोट कर सकते हैं। धमकी मिलते ही अदालत परिसर और आसपास के क्षेत्र में अफरा-तफरी का माहौल बन गया.
सूत्रों के अनुसार, जैसे ही न्यायालय प्रशासन को मेल प्राप्त हुआ, तुरंत वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (SSP) और जिला प्रशासन को सूचना दी गई. पुलिस ने तत्काल कोर्ट परिसर को खाली कराया और पूरे इलाके को सुरक्षा घेरे में ले लिया. किसी भी अनहोनी से बचने के लिए आम लोगों की आवाजाही पर भी रोक लगा दी गई.
खाली करवाया गया कोर्ट परिसर
पुलिस, बम निरोधक दस्ता और डॉग स्क्वायड की टीमों ने मौके पर पहुंचकर सघन तलाशी अभियान चलाया. कोर्ट परिसर के कमरों, पार्किंग क्षेत्र, रिकॉर्ड रूम और आसपास के संवेदनशील स्थानों की बारीकी से जांच की गई. संदिग्ध वस्तुओं की जांच के लिए विशेष उपकरणों का इस्तेमाल किया गया. एहतियात के तौर पर आसपास के क्षेत्रों में भी पुलिस बल तैनात कर दिया गया. ईमेल में ईडब्ल्यूएस आरक्षण का उल्लेख किया गया है. साथ ही प्रतिबंधित संगठन लिट्टे (LTTE) और पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी आईएसआई का नाम भी लिखा गया, जिससे सुरक्षा एजेंसियों की चिंता और बढ़ गई है. हालांकि पुलिस अधिकारियों का कहना है कि हर पहलू को गंभीरता से लेते हुए जांच की जा रही है और किसी भी संभावना से इनकार नहीं किया जा सकता.
जारी है तलाशी अभियान
साइबर सेल की टीम को भी सक्रिय कर दिया गया है. अधिकारी ईमेल भेजने वाले की पहचान, आईपी एड्रेस और लोकेशन ट्रेस करने में जुटे हैं. प्राथमिक जांच में यह भी देखा जा रहा है कि कहीं यह शरारती तत्वों द्वारा फैलाई गई अफवाह तो नहीं, लेकिन सुरक्षा के लिहाज से पूरे मामले को हाई अलर्ट पर रखा गया है. फिलहाल तलाशी अभियान जारी है और पुलिस ने लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने तथा किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत प्रशासन को देने की अपील की है.